
जैसे ही मौसम बदलता है, हमारे शरीर की मांसपेशियां और नसें सबसे पहले इसका असर महसूस करती हैं। विशेषज्ञ बताते हैं कि मौसम में बदलाव के दौरान मांसपेशियों और जोड़ों में दर्द और जकड़न की शिकायतें 30% तक बढ़ जाती हैं। यह केवल ठंड या गर्मी का असर नहीं है, बल्कि तापमान और वायुमंडलीय दबाव में बदलाव से नसों और मांसपेशियों के सिग्नल धीमे हो जाते हैं।
ठंड के मौसम में मांसपेशियां सिकुड़ती हैं और गर्मी की शुरुआत में शरीर में पानी की कमी और डिहाइड्रेशन नसों के काम को प्रभावित करता है। परिणामस्वरूप लोग सुबह उठते ही थकान, भारीपन और ऐंठन का अनुभव करते हैं।
मांसपेशियों में ऐंठन होने के मुख्य कारण
-शरीर में पानी की कमी
-मांसपेशियों में पर्याप्त ब्लड फ्लो न होना
-मांसपेशियों की गति प्रभावित होना
-जरूरी पोषक तत्वों की कमी जैसे सोडियम, मैग्नीशियम, पोटेशियम
-नसों और मांसपेशियों की कमजोरी
-लो ब्लड प्रेशर
-ब्लड फ्लो रुकने से मांसपेशियों में दर्द या खिंचाव
-नसों पर दबाव पड़ने से ऐंठन
मांसपेशियों की कमजोरी को दूर करने के उपाय
-रोजाना व्यायाम और स्ट्रेचिंग करें
-विटामिन D और मिनरल्स से भरपूर आहार लें
-दिनभर में 4-5 लीटर पानी पिएं
-आंवला और अन्य आयुर्वेदिक पदार्थों का सेवन करें
बदलते मौसम में शरीर की जरूरतों को समझना और सही पोषण तथा व्यायाम करना जरूरी है। इससे मांसपेशियां मजबूत रहती हैं और थकान या जकड़न जैसी समस्याओं से राहत मिलती है।
EDITED BY- HARLEEN KAUR




