
अक्सर लोग शिकायत करते हैं कि पैसा तो आता है, लेकिन टिकता नहीं। वास्तु शास्त्र के अनुसार इसके पीछे हमारी कुछ रोज़मर्रा की आदतें भी जिम्मेदार हो सकती हैं खासकर पर्स को लेकर की जाने वाली लापरवाही। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि पर्स को सही तरीके से व्यवस्थित रखा जाए और उसमें कुछ शुभ वस्तुएं रखी जाएं, तो आर्थिक स्थिति में सकारात्मक बदलाव संभव है।
सबसे पहले यह जरूरी है कि आपका पर्स साफ-सुथरा और अच्छी हालत में हो। फटा हुआ या अत्यधिक पुराना पर्स न केवल देखने में खराब लगता है, बल्कि इसे नकारात्मक ऊर्जा का कारण भी माना जाता है। इसलिए समय-समय पर पर्स बदलना एक अच्छी आदत मानी जाती है।
पर्स में बेकार चीजें रखने से बचें
कई लोग पर्स को छोटे स्टोर रूम की तरह इस्तेमाल करने लगते हैं, जिसमें पुराने बिल, रसीदें और बेकार कागज भरे रहते हैं। वास्तु के अनुसार, इससे नकारात्मकता बढ़ती है और धन के टिकने में बाधा आ सकती है। पर्स में केवल जरूरी और उपयोगी वस्तुएं ही रखें।
ये 5 चीजें मानी जाती हैं शुभ
हल्दी लगे अक्षत (चावल): गुरुवार को हल्दी से रंगे साबुत चावल को कपड़े या कागज में लपेटकर पर्स में रखने से धन संबंधी परेशानियां कम होने की मान्यता है।
चांदी का टुकड़ा: सोमवार के दिन पर्स में छोटा सा चांदी का टुकड़ा रखना आर्थिक स्थिरता का प्रतीक माना जाता है।
माता लक्ष्मी की तस्वीर: शुक्रवार को पर्स में लक्ष्मी जी की साफ और बिना मुड़ी हुई तस्वीर रखने से धन आकर्षित होने की मान्यता है।
गोमती चक्र: इसे पर्स में रखने से आय में वृद्धि और कर्ज से राहत मिलने की संभावना बताई जाती है।
हरी इलायची: बुधवार को दो हरी इलायची पर्स में रखना व्यापार और पैसों के लेन-देन के लिए शुभ माना जाता है।
पर्स का रंग भी डालता है असर
वास्तु शास्त्र में पर्स के रंग को भी महत्वपूर्ण माना गया है। अलग-अलग राशियों के लिए अलग रंग शुभ माने जाते हैं, जैसे—
मेष और वृश्चिक: लाल या मरून
वृषभ और तुला: गुलाबी या हल्के रंग
मिथुन और कन्या: पीला या काला
कर्क: हल्के रंग जैसे पिंक, पीला, लाइट ब्राउन
सिंह: लाल या मरून
धनु और मीन: पीला, गोल्डन या ब्राउन
मकर और कुंभ: काला
EDITED BY- HARLEEN KAUR




